कांस्टेबल पेपर लीक मामला: जल्द हो सकती हैं गिरफ्तारियां

कांस्टेबल पेपर लीक मामले की सीबीआई जांच के रडार में अब प्रदेश पुलिस के उच्च भी हैं। सीबीआई अब राज्य के विभिन्न जिलों में मंगलवार को दबिश देने के बाद अब आरोपियों से पूछताछ कर रही है। 

हिमाचल पुलिस कांस्टेबल पेपर लीक मामले की सीबीआई जांच के रडार में अब प्रदेश पुलिस के उच्च भी हैं। सीबीआई अब राज्य के विभिन्न जिलों में मंगलवार को दबिश देने के बाद अब आरोपियों से पूछताछ कर रही है। सीबीआई की शुरूआती छानबीन में इस तरह के संकेत मिले हैं। मंगलवार से चंडीगढ़ सीबीआई कार्यालय में पेपर लीक मामले से जुड़े अहम दस्तावेजों की छंटनी शुरू होगी। सीबीआई पुलिस कांस्टेबल भर्ती पेपर आयोजित करवाने वाली कमेटी से भी पूछताछ करेगी ताकि इस मामले की जड़ों तक आसानी से पहुंचा जा सके। सूत्रों से मालूम हुआ है कि सीबीआई चंडीगढ़ टीम ने शिमला सीबीआई कार्यालय की मदद से की प्रदेश के विभिन्न जिलों में दबिश दी। इसके बाद सीबीआई के अधिकारी बरामद दस्तावेजों को साथ ले गए हैं।

सीबीआई के अधिकारियों के पास प्रदेश की पुलिस ने पेपर लीक मामले से जुड़े आरोपियों से जुड़े संबंधित दस्तावेज सौंपे थे। उनके आधार पर आरोपियों कोे पते और ठिकानों का पता लगाया है। राज्य सरकार ने गत 27 मार्च को पुलिस कांस्टेबल के 1,334 पदों के लिए परीक्षा हुई थी। 6 मई को यह परीक्षा विवादों के बाद रद की गई थी। पुलिस और सीआईडी ने मामले दर्ज किए तो 31 मई को पांच आरोपियों की पहली बार गिरफ्तारियां हुईं। 181 लोगों के खिलाफ कांगड़ा, शिमला और मंडी में तीन आरोप पत्र दायर किए जा चुके हैं। पुलिस भर्ती पेपर लीक मामले के तार बिहार, राजस्थान, उत्तर प्रदेश उत्तराखंड, दिल्ली आदि तक जुडे़ हैं। नेपाल सीमा से भी एक आरोपी को पकड़कर लाया गया है। हिमाचल में सभी जिलों में इसके तार जुडे़ रहे।

तत्कालीन मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने 17 मई, 2022 को इस मामले की सीबीआई से जांच करवाने की घोषणा कर दी थी। इसके बाद मुख्य सचिव ने केंद्रीय कार्मिक मंत्रालय से सीबीआई जांच का अनुरोध किया था। 
एक नवंबर मंत्रालय ने अनुमति दी। मंत्रालय ने प्रदेश के मुख्य सचिव और सीबीआई निदेशक को भी सूचित कर दिया था। अब सीबीआई ने मामले में जांच तेज कर दी है। सीबीआई ने इस बहुचर्चित मामले में सीआईडी से भी पूरी रिकॉर्ड अपने कब्जे में ले रखा है।


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